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  • अभिषेक टंडन
  • सेकुलरिस्म किसका? नरेन्द्र मोदी का या मनमोहन-मुलायम का?

    Monday, Mar 11,2013, 22:10 IST .

    बात फिर वही आ कर खड़ी हो गयी है। नरेन्द्र मोदी ने बार बार कहा है कि सेकुलरिस्म के मायने पर राष्ट्रीय बहस की आवश्यकता है। कल प्रवासी भारतीयों को दिए अपने उद्बोधन में उन्होंने अपने सेकुलरिस्ज्म की वह परिभाषा दोहराई भी जिसके अनुसार सेकुलरिज्म का अर्थ है - इंडिया फर्स्ट अर्थात भारत ही सर्वोपरि है।

    आश्चर्य नहीं कि मोदी के ये कहते ही कांग्रेस ने कहा कि

  • शहीदों की चिताओं पर हर बरस खेलेंगे क्रिकेट, कैण्डल मार्च भी एक बहाना होगा...

    Thursday, Dec 27,2012, 22:23 IST .

    हिमाचल के पालमपुर की सुन्दर पहाड़ियों में खेल कूद कर बड़ा हुआ था वो। एचपी यूनिवर्सिटी से बी.एससी किया और सीडीएस पास कर के भारतीय सैन्य अकादमी में चयनित हुआ और डेढ़ साल में कमीशंड हो कर कारगिल सेक्टर में तैनाती मिल गयी। लेफ्टिनेंट सौरभ कालिया–४ जाट रेजिमेंट इन्फंट्री – अपनी माता और सीएसआईआर में वैज्ञानिक पिता का गौरव। उसके पिता डॉ कालिया ने कहा था कि आज तो मुझे गर्व है कि मेरा बेटा जा..

  • रेप, बातचीत और टिंकू-जिया के बाद का सन्नाटा...

    Sunday, Dec 23,2012, 09:36 IST .

    दोस्त: “नहीं यार कल नहीं मिल सकता ... कल उस रेप विक्टिम के लिए प्रोटेस्ट करने जाना है ”

    मैं: “ओह अच्छा .. लेकिन सभी अपराधी तो पुलिस ने दो दिन में पकड़ भी लिए .. तो अब किस लिए प्रोटेस्ट कर रहे हो?”

    दोस्त: “पकड़ने से क्या होता है .. फाँसी होनी चाहिए .. कानून बनने चाहिए .. ऐसे थोड़ी चलता है ..”

    मैं: “अच्छा .. क्या कानून हैं अभी?&r..

  • वाय दिस कोलावरी केजरीवाल बाबू?

    Tuesday, Aug 28,2012, 11:34 IST .

    कहीं पे निगाहें, कहीं पे निशाना-बहुत पुरानी कहावत है-लेकिन आज भी रंगरेजों पर उतनी ही सटीक बैठती है।

    भ्रष्टाचार के विरुद्ध लड़ाई छेड़ने वाले केजरीवाल बाबू पर आज यही कहावत फिट बैठती दिख रही है। कोयला घोटाला हुआ कांग्रेसनीत यूपीए सरकार के प्रधानमन्त्री की सीधी देख-रेख में, लेकिन चूंकि "हम कांग्रेस के नहीं, भ्रष्टाचार के विरुद्ध हैं" का ढोल पीटना जरूरी है, इसलिए नितिन गडकर..

  • सच की लक्ष्मण रेखा

    Tuesday, Jun 19,2012, 13:54 IST .

    देशभक्ति घोड़े पर सवार है। और हो भी क्यों न - परिस्तिथियाँ ही ऐसी हैं। संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट कहती है कि भारत में दो तिहाई जनसँख्या के पास शौचालय तक नहीं हैं पर योजना आयोग  के दफ्तर में ३५ लाख शौचालय की मरम्मत में खर्च हो जाते हैं। हर आधे घंटे में एक किसान आत्महत्या कर लेता है, पर करोड़ों टन अनाज गोदामों में पड़ा सड़ रहा होता है। मजहब के आधार पर आरक्षण का विरोध करने वालों को साम्प्रदाय..

  • मोदीत्व बनाम विकृत धर्मनिरपेक्षता - धर्मयुद्ध की ओर

    Sunday, May 27,2012, 00:08 IST .

    "सबका साथ सबका विकास" का मंत्र देकर अपने ३ दिवसीय सद्भावना उपवास के साथ अपने राजनैतिक कौशल का प्रदर्शन कर चुके नरेन्द्र मोदी ने मुंबई राष्ट्रीय कार्यकारिणी की समापन रैली में जिस प्रकार का सिंहनाद [ यू-ट्यूब विडिओ लिंक ] किया, उससे राष्ट्रीय राजनीति और मीडिया के गलियारों में एक बार फि..

  • राम भजने नहीं राम बनने का समय

    Monday, May 21,2012, 17:17 IST .

    राम भजने नहीं राम बनने का समय ... श्रीमद्भागवद्गीता का एक श्लोक है -
    यद्यदाचरति श्रेष्ठः तत्तदेवेतरो जनः। स यत्प्रमाणम् कुरुते लोकस्तदनुवर्तते॥ – भगवद्गीता ३.२१

    अर्थात श्रेष्ठ पुरुष जैसा जैसा आचरण प्रमाण-पूर्वक करता है, सामान्य लोग उसी का अनुकरण करते हैं। गीता एक ऐसा ग्रन्थ है जिस पर पौराणिक सनातन धर्मियों एवं वैदिक आर्य समाजियों दोनों की श्..

  • कैसे जानें कब हैं अपने त्यौहार?

    Saturday, Jun 02,2012, 09:38 IST .

    समय के साथ साथ समाज बदलता है परन्तु जो अपना महत्व बनाए रखता है - वही परंपरा का प्रतीक बन जाता है। ऐसी ही कुछ बातों में से एक है हमारा पंचांग। माना आज सब कुछ बदल गया है, भले ही अबीर-गुलाल का वसंतो..

  • सावरकर, स्वामी और मोदी का भारत - हमको क्यों नहीं स्वीकार ?

    Wednesday, Feb 01,2012, 10:53 IST .

    कहा जाता हैं कि भारत विविधताओं का देश है। बात सच भी है। संस्कृति की समरसता के छत्र में वैविध्य की वाटिका यहाँ सुरम्य दृष्टिगत होती है। परन्तु आज वही भारत विडंबनाओं का देश बनने की ओर अग्रसर है। का..